सबसे सटीक ज्वालापुर टाइम्स न्यूज़…
रिपोर्टर अंजू कुमारी
हरिद्वार/बहादराबाद। हरिद्वार में बढ़ती ATM ठगी की घटनाओं के बीच बहादराबाद पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक शातिर ATM फ्रॉड गिरोह का पर्दाफाश किया है। “ऑपरेशन प्रहार” के तहत चलाए जा रहे अभियान में पुलिस ने दो ऐसे ठगों को गिरफ्तार किया है, जो ATM बूथों के आसपास रेकी कर बुजुर्गों, महिलाओं और कम पढ़े-लिखे लोगों को निशाना बनाते थे। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 17 संदिग्ध ATM कार्ड, बिना नंबर प्लेट की पल्सर बाइक, दो मोबाइल फोन और नकदी बरामद की है। इस कार्रवाई को हरिद्वार पुलिस की बड़ी सफलता माना जा रहा है।
ATM बूथों के बाहर बिछाते थे जाल
पुलिस पूछताछ में सामने आया कि दोनों आरोपी बेहद शातिर तरीके से लोगों को ठगते थे। ये आरोपी खास तौर पर ऐसे लोगों को निशाना बनाते थे जिन्हें ATM मशीन चलाने में परेशानी होती थी। आरोपी मदद करने के बहाने उनके पास पहुंचते और बातों में उलझाकर ATM कार्ड बदल लेते थे।इसके बाद वे दूसरे ATM बूथों पर जाकर खातों से पैसे निकाल लेते थे। कई बार पीड़ितों को काफी देर तक इस बात का पता ही नहीं चलता था कि उनका कार्ड बदल दिया गया है।

हरिद्वार में लगातार सामने आ रही ATM ठगी की घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए Navneet Singh ने सभी थाना प्रभारियों को विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिए थे। इसी क्रम में Bahadrabad क्षेत्र में भी ATM बूथों के आसपास पुलिस की निगरानी बढ़ाई गई और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी जाने लगी।
दिनांक 8 मई 2026 को उपनिरीक्षक हेमदत्त भारद्वाज अपनी टीम के साथ SBI ATM बूथ, पीपल चौक बहादराबाद के पास चेकिंग कर रहे थे। उसी दौरान एक बिना नंबर प्लेट की काले रंग की पल्सर बाइक पर सवार दो युवक पुलिस को देखकर अचानक बाइक मोड़कर भागने लगे।उनकी हरकत संदिग्ध लगने पर पुलिस टीम ने तुरंत पीछा शुरू किया।
फिल्मी अंदाज में पीछा, झाड़ियों में दबोचे गए आरोपी

भागने के दौरान आरोपियों की बाइक अनियंत्रित होकर फिसल गई। इसके बाद दोनों युवक झाड़ियों की तरफ भागने लगे, लेकिन पुलिस ने घेराबंदी कर उन्हें मौके पर ही पकड़ लिया। पूछताछ में पहले आरोपी ने अपना नाम शिवा उर्फ शिव पुत्र राजेश निवासी फेरुपुर महाराणा प्रताप कॉलोनी, थाना पथरी बताया। जबकि दूसरे आरोपी ने खुद को मधुसूदन उर्फ मनोज पुत्र चरण सिंह निवासी गढ़मीरपुर, थाना रानीपुर बताया।
17 ATM कार्ड बरामद, पुलिस भी रह गई हैरान
तलाशी के दौरान पुलिस को दोनों आरोपियों के पास से विभिन्न बैंकों के कुल 17 ATM कार्ड मिले।
इसके अलावा:
- बिना नंबर प्लेट की पल्सर बाइक
- 02 मोबाइल फोन
- ₹900 नकद
भी बरामद किए गए।
जब पुलिस ने कार्डों के बारे में पूछताछ की तो आरोपी कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे सके। सख्ती से पूछताछ करने पर दोनों ने स्वीकार किया कि वे ATM बूथों के आसपास घंटों खड़े होकर लोगों पर नजर रखते थे। वे खासतौर पर बुजुर्ग, महिलाओं और कम पढ़े-लिखे लोगों को निशाना बनाते थे। जैसे ही कोई व्यक्ति ATM इस्तेमाल करने में दिक्कत महसूस करता, आरोपी मदद करने के बहाने उसके पास पहुंच जाते।मौका मिलते ही वे असली ATM कार्ड बदल देते और बाद में खातों से पैसे निकाल लेते थे। पूछताछ में यह भी सामने आया कि दोनों आरोपी पहले भी ATM फ्रॉड के मामलों में जेल जा चुके हैं। इसके बावजूद उन्होंने अपराध का रास्ता नहीं छोड़ा।
पुलिस अब इनके पुराने रिकॉर्ड और अन्य जिलों में दर्ज मामलों की भी जांच कर रही है।पुलिस अधिकारियों का कहना है कि अगर समय रहते दोनों आरोपी गिरफ्तार नहीं होते तो वे कई और लोगों को अपना शिकार बना सकते थे। हरिद्वार पुलिस ने लोगों से अपील की है कि: किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत पुलिस को दें“ऑपरेशन प्रहार” के तहत पुलिस लगातार ऐसे अपराधियों पर नजर बनाए हुए है और आने वाले दिनों में भी यह अभियान जारी रहेगा। ATM बूथ में किसी अनजान व्यक्ति की मदद न लें PIN नंबर किसी को न बताएं
यह भी पढ़ें–तमिलनाडु में सियासी भूचाल! विजय की पार्टी बनी सबसे बड़ी ताकत, DMK-AIADMK गठबंधन की चर्चाओं से बढ़ी हलचल”
उत्तराखंड की सभी ताज़ा और महत्वपूर्ण ख़बरों के लिए ज्वालापुर टाइम्स न्यूज़ WHATSAPP GROUP से जुड़ें और अपडेट सबसे पहले पाएं
यहां क्लिक करें एक और हर अपडेट आपकी उंगलियों पर!
यदि आप किसी विज्ञापन या अपने क्षेत्र/इलाके की खबर को हमारे न्यूज़ प्लेटफ़ॉर्म पर प्रकाशित कराना चाहते हैं, तो कृपया 7060131584 पर संपर्क करें। आपकी जानकारी को पूरी जिम्मेदारी और भरोसे के साथ प्रसारित किया जाएगा।”

