रिपोर्टर (सचिन शर्मा)
सबसे सटीक ज्वालापुर टाइम्स न्यूज़…
हरिद्वार 2026। साइबर अपराधों के बढ़ते मामलों को देखते हुए जीआरपी उत्तराखंड की ओर से रेल यात्रियों और आम लोगों को साइबर ठगी से बचाव के प्रति जागरूक करने के लिए विशेष अभियान चलाया गया। बुधवार को उत्तराखंड के विभिन्न रेलवे स्टेशनों पर जीआरपी थाना पुलिस की टीमों ने यात्रियों से संवाद कर उन्हें ऑनलाइन ठगी के तरीकों, डिजिटल लेन-देन के दौरान बरती जाने वाली सावधानियों और साइबर अपराध होने की स्थिति में तत्काल शिकायत दर्ज कराने की प्रक्रिया के बारे में जानकारी दी।
यह जागरूकता अभियान एसपी जीआरपी उत्तराखंड सुश्री अरुणा भारती और पुलिस उपाधीक्षक रेलवे, उत्तराखंड हरिद्वार श्री अनुज के आदेशानुसार चलाया गया। अभियान का उद्देश्य रेल यात्रियों के बीच साइबर सुरक्षा को लेकर जागरूकता बढ़ाना और उन्हें ऑनलाइन धोखाधड़ी से बचने के लिए जरूरी सावधानियों की जानकारी देना रहा।
रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों को किया गया जागरूक
जीआरपी उत्तराखंड के थाना क्षेत्रों में रेलवे स्टेशनों पर पहुंचने वाले यात्रियों और अन्य लोगों को साइबर अपराधों के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी दी गई। पुलिस टीमों ने यात्रियों को बताया कि डिजिटल माध्यम से लेन-देन करते समय थोड़ी सी लापरवाही भी आर्थिक नुकसान का कारण बन सकती है।
अभियान के दौरान यात्रियों को समझाया गया कि किसी अनजान व्यक्ति के कहने पर मोबाइल पर आने वाले लिंक को खोलने, संदिग्ध एप्लीकेशन डाउनलोड करने या किसी अज्ञात व्यक्ति के साथ बैंकिंग संबंधी जानकारी साझा करने से बचना चाहिए। पुलिस ने लोगों को डिजिटल भुगतान के दौरान सतर्क रहने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की स्थिति में तुरंत कार्रवाई करने की सलाह दी। जीआरपी की ओर से यात्रियों को यह भी बताया गया कि साइबर ठगी की स्थिति में घबराने के बजाय तत्काल संबंधित हेल्पलाइन पर शिकायत करना जरूरी है। समय पर शिकायत किए जाने से मामले में कार्रवाई की संभावना बढ़ सकती है।
जागरूकता अभियान के दौरान पुलिस ने यात्रियों को ऑनलाइन लेन-देन करते समय विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी। पुलिस के अनुसार लोगों को अपना ओटीपी, एटीएम/डेबिट कार्ड की जानकारी, पिन, पासवर्ड और अन्य बैंकिंग विवरण किसी अनजान व्यक्ति के साथ साझा नहीं करना चाहिए।

पुलिस ने बताया कि साइबर ठगी करने वाले लोग अलग-अलग तरीकों का इस्तेमाल कर लोगों को विश्वास में लेने का प्रयास कर सकते हैं। कभी बैंक कर्मचारी, कभी कूरियर कंपनी, कभी किसी सरकारी विभाग या अन्य संस्था का प्रतिनिधि बनकर लोगों से जानकारी मांगी जा सकती है। ऐसी स्थिति में बिना सत्यापन के किसी व्यक्ति को व्यक्तिगत या बैंकिंग जानकारी देने से बचना चाहिए। यदि किसी व्यक्ति को कोई संदिग्ध कॉल, मैसेज या लिंक प्राप्त होता है तो उसे सावधानीपूर्वक जांचने के बाद ही कोई कदम उठाना चाहिए।
साइबर अपराध होने पर तुरंत 1930 पर करें शिकायत
जीआरपी उत्तराखंड ने जागरूकता अभियान के दौरान यात्रियों को साइबर अपराध की शिकायत के लिए राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 के बारे में जानकारी दी। पुलिस ने लोगों से अपील की कि यदि उनके साथ किसी भी प्रकार की ऑनलाइन वित्तीय ठगी होती है तो बिना देरी किए 1930 पर शिकायत दर्ज कराएं। पुलिस ने बताया कि साइबर ठगी की जानकारी जितनी जल्दी संबंधित व्यवस्था तक पहुंचाई जाएगी, उतनी ही जल्दी मामले में आवश्यक कार्रवाई शुरू की जा सकती है। इसलिए ठगी होने के बाद शिकायत करने में देरी नहीं करनी चाहिए। इसके अलावा किसी आपात स्थिति में पुलिस आपातकालीन सेवा 112 से भी संपर्क करने की जानकारी यात्रियों को दी गई।
अभियान के दौरान पुलिस टीमों ने लोगों को संदिग्ध लिंक और अनजान फोन कॉल के प्रति विशेष रूप से सतर्क रहने की सलाह दी। साइबर अपराधों में कई बार लोगों को किसी आकर्षक ऑफर, इनाम, नौकरी, बैंक खाते से संबंधित सूचना या अन्य बहाने से संपर्क किया जाता है।
पुलिस ने यात्रियों को सलाह दी कि किसी अनजान व्यक्ति द्वारा भेजे गए लिंक पर क्लिक करने से पहले उसकी सत्यता की जांच करें। इसी तरह मोबाइल फोन पर प्राप्त किसी संदिग्ध एप्लीकेशन को डाउनलोड करने से भी बचना चाहिए। पुलिस ने लोगों को यह भी बताया कि यदि किसी व्यक्ति को अपने बैंक खाते या डिजिटल भुगतान से जुड़ी कोई संदिग्ध गतिविधि दिखाई देती है तो वह तुरंत संबंधित बैंक या भुगतान सेवा प्रदाता से संपर्क करे और जरूरत पड़ने पर साइबर हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराए।
जीआरपी थाना पुलिस की ओर से चलाए गए अभियान में केवल सामान्य जानकारी देने के बजाय यात्रियों को साइबर सुरक्षा से जुड़ी व्यावहारिक सावधानियों के बारे में भी बताया गया। पुलिस ने लोगों से कहा कि डिजिटल सुविधा का इस्तेमाल करते समय सुरक्षा नियमों का पालन करना जरूरी है। रेलवे स्टेशन ऐसे स्थान हैं जहां अलग-अलग क्षेत्रों से आने वाले बड़ी संख्या में यात्री मौजूद रहते हैं। ऐसे में रेलवे परिसरों में साइबर सुरक्षा को लेकर जागरूकता फैलाना महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अभियान के दौरान रेल यात्रियों और अन्य लोगों ने जागरूकता कार्यक्रम में भाग लिया। पुलिस टीमों ने यात्रियों के सवालों और उनकी जिज्ञासाओं का समाधान करते हुए साइबर अपराध से बचने के लिए जरूरी सावधानियां बताईं।
जीआरपी उत्तराखंड की ओर से चलाए जा रहे इस अभियान का एक प्रमुख उद्देश्य लोगों को साइबर अपराध के संभावित तरीकों के बारे में पहले से जानकारी देना है। पुलिस का मानना है कि जागरूकता बढ़ने से लोग संदिग्ध कॉल, मैसेज और ऑनलाइन गतिविधियों को पहचानने में अधिक सावधानी बरत सकते हैं।
साइबर अपराध की रोकथाम में पुलिस कार्रवाई के साथ-साथ आम लोगों की सतर्कता भी महत्वपूर्ण होती है। ऑनलाइन बैंकिंग और डिजिटल भुगतान के बढ़ते इस्तेमाल के बीच व्यक्तिगत जानकारी और बैंकिंग विवरण की सुरक्षा को लेकर सावधानी बरतना जरूरी है। पुलिस ने यात्रियों से कहा कि वे डिजिटल माध्यमों का उपयोग करते समय जल्दबाजी में कोई निर्णय न लें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की स्थिति में पहले उसकी पुष्टि करें।
जीआरपी उत्तराखंड की ओर से साइबर जागरूकता अभियान के माध्यम से रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों को डिजिटल सुरक्षा के प्रति जागरूक किया जा रहा है। ऐसे अभियान आम लोगों तक साइबर अपराधों से बचाव की जानकारी पहुंचाने का माध्यम बन सकते हैं। पुलिस की ओर से यात्रियों को दी गई सलाह का मुख्य उद्देश्य यही है कि डिजिटल लेन-देन करते समय सावधानी बरती जाए और किसी भी प्रकार की संदिग्ध गतिविधि होने पर तुरंत संबंधित माध्यम से शिकायत की जाए। जीआरपी उत्तराखंड ने लोगों से अपील की है कि वे स्वयं भी साइबर सुरक्षा के नियमों का पालन करें और अपने परिवार के सदस्यों, बुजुर्गों तथा अन्य लोगों को भी ऑनलाइन ठगी से बचने के उपायों के बारे में जागरूक करें।
जीआरपी उत्तराखंड ने साइबर अपराधों से बचाव के लिए रेलवे स्टेशनों पर जागरूकता अभियान चलाकर रेल यात्रियों और आम लोगों को ऑनलाइन ठगी से बचने के जरूरी उपाय बताए। अभियान के दौरान सुरक्षित डिजिटल लेन-देन, गोपनीय जानकारी साझा न करने, संदिग्ध लिंक से बचने और साइबर अपराध होने पर तत्काल 1930 पर शिकायत करने की जानकारी दी गई। पुलिस ने आपात स्थिति में 112 से संपर्क करने की भी अपील की। साइबर अपराधों की रोकथाम के लिए पुलिस ने आमजन से सतर्क और जागरूक रहने का आग्रह किया है।
यह भी पढ़ें – सिडकुल में तमंचे के बल पर बाइक और मोबाइल लूट मामले में पांच हजार का इनामी आरोपी गिरफ्तार…
उत्तराखंड की सभी ताज़ा और महत्वपूर्ण ख़बरों के लिए ज्वालापुर टाइम्स न्यूज़ WHATSAPP GROUP से जुड़ें और अपडेट सबसे पहले पाएं
यहां क्लिक करें एक और हर अपडेट आपकी उंगलियों पर!
यदि आप किसी विज्ञापन या अपने क्षेत्र/इलाके की खबर को हमारे न्यूज़ प्लेटफ़ॉर्म पर प्रकाशित कराना चाहते हैं, तो कृपया 7060131584 पर संपर्क करें। आपकी जानकारी को पूरी जिम्मेदारी और भरोसे के साथ प्रसारित किया जाएगा।”

